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सम्मेलन/संगोष्ठियां

रक्षा धातुकर्मीय अनुसंधान प्रयोगशाला (डी एम आर एल), हैदराबाद तथा इलैक्ट्रॉन माइक्रोस्कोप सोसाइटी ऑफ इंडिया (ई एम एस आई) ने 6-8 जुलाई 2011 के दौरान रामोजी फिल्म सिटी, हैदराबाद में ई एम एस आई के स्वर्ण जयंती समारोहों का संयुक्त रूप में आयोजन किया। इन समारोहों के हिस्से के रूप में इलैक्ट्रॉन नैनोस्कोपी विषय पर तीन.दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया गया। डॉ जी मालाकोंडैय्या, उत्कृष्ट वैज्ञानिक एवं निदेशक, डी एम आर एल इस अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन के अधयक्ष थे। इस सम्मेलन में विदेशों से आए 44 प्रतिभागियों, जो विभिन्न उद्योगों और शैक्षिक संस्थानों से संबध्द थे, सहित पांच सौ प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इस सम्मेलन में विख्यात विशेषज्ञों, अनुसंधानकर्ताओं और प्रतिनिधियों को इलैक्ट्रॉन माइक्रोस्कोपी तकनीकों में हुई प्रगति तथा माइक्रोमीटर से लेकर नैनोमीटर तक के विभिन्न लंबाई माप में पदार्थों के गुणधर्म निर्धारण में उनके उपयोग से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर अपने विचारों का आदान.प्रदान करने तथा पारस्परिक संपर्क स्थापित करने के लिए एक मंच प्राप्त हुआ।

सम्मानीय अतिथि प्रो पी रामाराव ने सम्मेलन से संबंधित स्मारिका का विमोचन किया। परमाणु ऊर्जा आयोग, भारत, के अधयक्ष डॉ श्रीकुमार बनर्जी ने नाभिकीय रिऐक्टर ग्रेड की मिश्रधातुओं के सूक्ष्म संरचनात्मक गुणधार्म विषय पर अपना प्रमुख व्याख्यान दिया। प्रोफेसर सी बैरी कार्टर, अधयक्ष, इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ सोसाइटीज फॉर माइक्रोस्कोपी; प्रोफेसर नेस्टर जैलुजेक, अधयक्ष,  माइक्रोस्कोपी सोसाइटी ऑफ अमेरिका; प्रोफेसर एस लीजिमा, नैनो टयूब रिसर्च सेंटर, जापान; तथा अन्य आमंत्रित विशेषज्ञों ने अपने विचारोत्पादक व्याख्यानों के द्वारा श्रोताओं को इलैक्ट्रॉन माइक्रोस्कोपी की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि, इस क्षेत्र में वर्तमान में हुए विकास, तथा इसकी भावी आवश्यकताओं के बारे में जानकारी प्रदान की। यह सम्मेलन 24 समानांतर तथा 5 पूर्ण तथा प्रज्ञापक सत्रों में पूरा हुआ। कुल मिलाकर, 148 मौखिक और 100 प्रज्ञापक पत्र प्रस्तुत किए गए, जिनमें जैव.पदार्थों सहित पदार्थ.विज्ञान में माइक्रोस्कोपी संबंधी तकनीकों के विभिन्न अनुप्रयोगों पर विचार.विमर्श किया गया। इस सम्मेलन में यंत्रीकरण् के क्षेत्र में हुई प्रगति तथा माइक्रोस्कोपों की क्षमताओं में किए गए विकास विषय पर विभिन्न कंपनियों द्वारा 34 प्रदर्शनी स्टाल भी लगाए गए।

भावी कार्यक्रम

नोनोमेटेरियल के वर्णन के लिए एडवांस्ड एक्स-रे तकनीक पर एक वर्शशाप

तिथि:  फरवरी 27-29, 2008

स्थान:   डीएमआरएल

पूर्व कार्यक्रम

सम्मेलन एवं वर्कशाप

शीर्षक

अवधि

संयुक्त राजभाषा तकनीकी संगोष्ठी

4-5 जनवरी 2007

विफलता विश्लेषण पर राष्ट्रीय सम्मेलन

20 - 23 दिसंबर 2006

इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रॉनिक और मैगनेटिक अनुप्रयोगों के लिए सामग्री: वर्णन और मापन (एमईईएमए-2005) पर राष्ट्रीय सम्मेलन

02-03 सितंबर 2005

स्टील पर हिंदी सम्मेलन

2004

"उन्नत सामग्रियों का अस्थिभंग व्यवहार: वर्तमान स्थिति और भविष्य की संभावनाएं" पर संगोष्ठी 

19 दिसंबर 2003

अनुसंधान और उद्योग में उन्नत एक्स-रे तकनीक पर अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी

04-05 दिसंबर 2003

लघुरुपण पर हिन्दी में तकनीकी संगोष्ठी

26 सितंबर 2003

"IMI-834 के धातुकर्म" पर एक दिवसीय वर्कशाप

30 जून 2003

नए वैज्ञानिक बी एवं सी के लिए मैकेनिकल जांच पर एक वर्कशाप

22-23 मई 2003

नए वैज्ञानिक बी एवं सी के लिए संरचनात्मक विशेषताएँ का परिचय पर कार्यशाला

12-13 मई 2003

डीआरडीओ उद्योगिक मुलाकात

30 नवंबर 2002

स्मार्ट रक्षा प्रणाली के लिए राष्ट्रीय संगोष्ठी (हिंदी वर्कशाप)

06 सितंबर 2002

ब्राजिंग तकनीक पर वर्कशाप

03-04 जुलाई

 

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